बरेली उपद्रव : शांति बहाली प्रयासों के बीच चल रहा फुट पेट्रोलिंग, फ्लैग मार्च का दौर ! इंटरनेट सेवा बंद होने के चलते चौराहों की चर्चाओं ने पकड़ा जोर ! ज्यादा समर्थकों वाले जिलों में अलर्ट ! बवालियों की धरपकड़ जारी
लखनऊ (धर्मेंद्र रस्तोगी/जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)। बरेली उपद्रव में मौलाना तौकीर के जेल जाने के बाद शांति बहाली की दिशा में जुटी यूपी पुलिस लगातार पैदल गस्त व फ्लैग मार्च के जरिये लोगों से संवाद स्थापित कर रही है। संवेदनशील क्षेत्रों के साथ ही मुख्य बाजारों में पूरी तरह से चौकसी बढ़ा दी गयी है। बरेली उपद्रव को लेकर रामपुर, पीलीभीत, शाहजहाँपुर, मुरादाबाद, बदायूँ, संभल, बिजनौर, अमरोहा, फतेहगढ़ आदि जिलों में भी सिस्टम हाईअलर्ट पे है। इन जिलों में मौलाना के समर्थक बड़ी संख्या में बताये जा रहे हैं। बरेली जनपद में इंटरनेट सेवा बंद होने के साथ ही दरगाह आला हजरत इलाका छावनी में तब्दील है। एडीजी रमित शर्मा, मंडलायुक्त भूपेंद्र एस चौधरी, डीआईजी अजय साहनी, डीएम अविनाश सिंह, एसएसपी अनुराग आर्य, एसपी सिटी मानुष पारीक, एसपी सॉउथ अंशिका वर्मा अतिसंवेदनशील इलाकों में भ्रमणशील हैं। लॉ एंड ऑर्डर व सुरक्षा व्यवस्था पर पूरी नजर रखी जा रही है। एक एक उपद्रवी की गिरफ्तारी में कई स्पेशल टीमें लगी हुई हैं। शनिवार देर रात एसपी सिटी मानुष पारीक की अगुवाई में पत्थरबाजों, गोलीबाजों की धरपकड़ का विशेष अभियान चला। काफी बवाली थानों की हवालातों में हैं। उपद्रवियों से सख्त पूछताछ जारी है। बरेली उपद्रव कवर करने पहुंचीं देशभर की कई मीडिया टीमें तौकीर के जेल जाने के बाद उपजे हालातों की ग्राउंड रिपोर्टिंग पे जुटी हैं। 2010, 2012 दोहराने की बड़ी साजिश का खुलासा होते ही खुफिया इकाईयाँ भी एक्स्ट्रा अलर्टमोड पर हैं। उपद्रवस्थल से असलाह, चाकू, डंडे समेत दंगे में इस्तेमाल होने वाली तमाम खतरनाक वस्तुयें बरामद हुईं थीं। कुछ चौराहों पे लोगों में चर्चा है कि अगले शुक्रवार जुमे की नमाज बाद मौलाना को जेल भेजे जाने के बाबत विरोध जताया जा सकता है। फिलहाल, पुलिस प्रशासन सभी पहलुओं पे पूरी सतर्कता बरत रहा है। (जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)।